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बीमार और मुसाफिर के रोज़े का हुक्म

الهندية - हिन्दी
المؤلف मुहम्मद बिन सालेह अल-उसैमीन ، अताउर्रहमान ज़ियाउल्लाह
القسم مقالات
النوع نصي
اللغة الهندية - हिन्दी
المفردات صلاة التطوع - صلاة التراويح - أحكام الصيام
इस्लाम के गुणों में से एक महान गुण यह भी है कि उसने लोगों की आवश्यकताओं और उनकी परिस्थितियों का बहुत ध्यान रखा है और जहाँ भी उन्हें कठिनाई और कष्ट का सामना होता है, वहाँ उनके लिए आसानी का नियम और संविधान पस्तुत करता है, उन्हीं में से एक बीमार और मुसाफिर के रोज़े का मस्अला भी है। इस लेख मे बीमार और मुसाफिर के रोज़े का हुक्म तथा बीमारी और सफर के विभिन्न प्रकार उल्लेख किये गये है जिनमें उनके लिए रोज़ा तोड़ने की रूख्सत प्राप्त होती है या उन्हें इसकी छूट नहीं मिलती है।

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बीमार और मुसाफिर के रोज़े का हुक्म
बीमार और मुसाफिर के रोज़े का हुक्म